एनसीएमसी ने ओडिशा और पश्चिम बंगाल के चक्रवाती तूफान प्रभावित क्षेत्रों में बचाव एवं राहत कार्यों की समीक्षा की

0
57

कैबिनेट सचिव ने केंद्रीय मंत्रालयों/एजेंसियों को इन दोनों राज्यों में सभी आवश्यक सहायता जल्द-से-जल्द प्रदान करने का निर्देश दिया
नई दिल्ली। श्रीजी एक्सप्रेस
कैबिनेट सचिव राजीव गाबा ने आज राष्ट्रीय संकट प्रबंधन समिति (एनसीएमसी) की बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक में चक्रवाती तूफान ‘अम्फान द्वारा तबाही मचाने के बाद संबंधित राज्यों और केंद्रीय मंत्रालयों/एजेंसियों के साथ ओडिशा एवं पश्चिम बंगाल के तूफान प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति की समीक्षा की गई।
ओडिशा और पश्चिम बंगाल के मुख्य सचिवों ने बताया कि आईएमडी का पूर्वानुमान सही समय पर एवं सटीक साबित होने और एनडीआरएफ की अग्रिम तैनाती से पश्चिम बंगाल में लगभग 5 लाख लोगों और ओडिशा में लगभग 2 लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने में काफी सहूलियत हुई। इसी की बदौलत लोगों की मौत के आंकड़े को अत्यंत सीमित रखना संभव हो पाया है। उल्लेखनीय है कि वर्ष 1999 में ओडिशा में भारी तबाही मचाने वाले सुपर चक्रवाती तूफान के बाद तूफान ‘अम्फान ही सर्वाधिक भीषण एवं उग्र था।
एनडीआरएफ की ओर से पश्चिम बंगाल में अतिरिक्त टीमों की तैनाती की जा रही है, ताकि खासकर कोलकाता में आवश्यक सेवाओं की बहाली के काम में तेजी लाई जा सके। इसके साथ ही भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) भी पश्चिम बंगाल में खाद्यान्न, विशेषकर चावल की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करेगा, जिससे कि तूफान के कारण असहाय महसूस कर रहे लोगों को तत्काल आवश्यक भरण-पोषण प्रदान किया जा सके।
विद्युत मंत्रालय और दूरसंचार विभाग भी दोनों राज्यों में सेवाओं की शीघ्र बहाली में मदद करेंगे। इसी तरह रेलवे, जिसे अपनी बुनियादी ढांचागत सुविधाओं में भारी नुकसान का सामना करना पड़ा है, भी जल्द से जल्द अपना परिचालन फिर से शुरू करने की प्रक्रिया में है। पश्चिम बंगाल ने यह जानकारी दी कि चक्रवाती तूफान प्रभावित क्षेत्रों में कृषि, बिजली और दूरसंचार सुविधाओं को व्यापक नुकसान हुआ है। उधर, ओडिशा ने बताया कि उसके यहां नुकसान मुख्य रूप से कृषि क्षेत्र तक ही सीमित रहा है।
कैबिनेट सचिव ने बचाव एवं आवश्यक सेवाओं की बहाली के लिए किए जा रहे प्रयासों की समीक्षा करते हुए यह निर्देश दिया कि केंद्रीय मंत्रालयों/एजेंसियों के अधिकारियों को ओडिशा एवं पश्चिम बंगाल की राज्य सरकारों के साथ निकट संपर्क में रहना चाहिए और सभी आवश्यक सहायता जल्द-से-जल्द प्रदान करनी चाहिए। गृह मंत्रालय तूफान से हुए नुकसान का जल्द आकलन करने और इस बारे में एक रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए टीमों को वहां भेजेगा।
पश्चिम बंगाल और ओडिशा के मुख्य सचिवों ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से एनसीएमसी की बैठक में भाग लिया। गृह, रक्षा, शिपिंग, नागरिक उड्डयन, रेलवे, पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस, बिजली, दूरसंचार, इस्पात, पेयजल व स्वच्छता तथा स्वास्थ्य मंत्रालयों और आईएमडी, एनडीएमए एवं एनडीआरएफ के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी इस बैठक में भाग लिया।

post by tisha varshney

www.shreejiexpress.com

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here